अक्षय कुमार आजकल लड़कियों को आत्मरक्षा के गुर सिखा रहे हैं। उनका कहना है कि यदि कोई लड़कियों को छेड़े तो उन्हें मार कर भाग जाएं। लेकिन अक्षय ने खुद ऐसी कई फिल्में की हैं जिनमें उनके किरदार ने लड़कियों को छेड़ा है। तो इसका मतलब तो ये हुआ कि उस वक्त सभी हीरोइनों को अक्षय को अच्छे से सबक सिखाना चाहिए था। क्या अक्षय उनसे कहेंगे कि उन्हें थप्पड़ मारें।
एक नजर अक्षय की ऐसी ही फिल्मों पर-
अब अक्षय से पूछना बनता है कि क्या ऐसी छेड़छाड़ पर भी लड़की को थप्पड़ मार कर भाग लेना चाहिए।
जब लड़का जबरन लड़की का चुंबन लेने की कोशिश करे तब क्या करना चाहिए। चांटा काफी होगा या जमीन पर पटक-पटक कर मारने से ही बात बनेगी।
जब लड़का जबरन बाहों में भरने की कोशिश करें तब क्या करें लड़की। क्या गाल सुजा देने से काम चलेगा।
जबरदस्ती कोई रंग लगाने की कोशिश करे तो क्या किया जाए ऐसे लड़कों का। उन्हें तो मारने से भी काम नहीं चलेगा।
गंदी नजरों से देखने वाले लड़कों को अच्छे से सबक सिखाया जाना चाहिए। इनको तो थप्पड़ से लेकर जूडो-कराटे, सभी दिखा देने चाहिए।